jio financial services ltd share q2 Result ने सबको चौंकाया।
October 17, 2025 1 min read By

jio financial services ltd share q2 Result ने सबको चौंकाया।

By-Kaushik. Dt.17/10/2025

नमस्ते दोस्तों ! शेयरबाजार में कंपनी के Q2 F 26 result आ रहे है। अगर आप फाइनेंशियल मार्केट्स के दीवाने हो तो आज की यह पोस्ट। आप के लिए है।कल ही jio finabcial servecs lts (JFS) ने अपने Q2 result घोषित किए और मार्केट में हलचल मच गई।Jio finabcial services ने मज़बूत ग्रोथ की है . JFS की Revenue 44% बढ़ी तो co के मुनाफा में मामूली इज़ाफ़ा हुआ।

Q2 रिजल्ट्स का ओवरव्यू: ग्रोथ की कहानी, लेकिन प्रॉफिट में स्लो मोशन
सबसे पहले, बेसिक नंबर्स से शुरू करते हैं। जियो फाइनेंशियल सर्विसेज का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट Q2 में ₹695 करोड़ रहा, जो पिछले साल के इसी क्वार्टर के ₹689 करोड़ से सिर्फ 0.9% ज्यादा है। हां, ये बढ़त छोटी लग सकती है, लेकिन जब आप डीप में जाते हैं, तो साफ दिखता है कि बिजनेस ऑपरेशंस में जबरदस्त स्पीड है। टोटल इनकम तो 44% सालाना बढ़कर ₹1,002 करोड़ हो गई! रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस भी 41% उछलकर ₹981 करोड़ पर पहुंचा।

मुझे लगता है, ये नंबर्स बताते हैं कि जियो अब सिर्फ रिलायंस का एक पार्ट नहीं, बल्कि इंडिपेंडेंट फाइनेंशियल पावरहाउस बन रहा है। इंटरेस्ट इनकम ₹392 करोड़ हो गई, जो पिछले साल के ₹205 करोड़ से दोगुनी से ज्यादा है।0d1222 फीस, कमीशन और अन्य सर्विसेज से आने वाला रेवेन्यू ₹140 करोड़ पर पहुंचा, जो Q2 FY25 के ₹41 करोड़ से ट्रिपल से ज्यादा है। ये सब मिलाकर, नेट इनकम फ्रॉम बिजनेस ऑपरेशंस 5 गुना बढ़कर ₹317 करोड़ हो गया! वाह, क्या बात है!
लेकिन प्रॉफिट क्यों सिर्फ मामूली बढ़ा? इसका राज है
एक्सपेंसेज में। टोटल एक्सपेंसेज बढ़कर ₹146 करोड़ हो गए, मुख्यतः एम्प्लॉयी कॉस्ट और ऑपरेशनल खर्चों की वजह से। प्री-प्रोविजनिंग ऑपरेटिंग प्रॉफिट ₹579 करोड़ रहा, जो पिछले साल के ₹552 करोड़ से बेहतर है। कुल मिलाकर, ये क्वार्टर ग्रोथ का है, लेकिन कॉस्ट कंट्रोल पर फोकस की जरूरत दिख रही है।
बिजनेस हाइलाइट्स: जियो पेमेंट्स बैंक और जियो फाइनेंस ऐप की धमाकेदार एंट्री
अब आते हैं असली मजेदार पार्ट पर – बिजनेस अपडेट्स! जियो पेमेंट्स बैंक (JPBL) अब पूरी तरह से जियो फाइनेंशियल का सब्सिडियरी बन गया है, क्योंकि जून 2025 में SBI का बाकी स्टेक खरीद लिया गया।इसका असर? कस्टमर बेस 2.95 मिलियन हो गया, जो पिछले साल के मुकाबले दोगुना है। डिपॉजिट बेस ₹421 करोड़ पर पहुंचा, वो भी दोगुना! जियो पेमेंट सॉल्यूशंस लिमिटेड (JPSL) का ट्रांजैक्शन प्रोसेसिंग वॉल्यूम (TPV) 167% बढ़कर ₹13,566 करोड़ हो गया।ये नंबर्स बताते हैं कि डिजिटल पेमेंट्स में जियो की पकड़ मजबूत हो रही है।
और भूलिए मत जियो फाइनेंस ऐप को! ये ऐप अब MyJio के साथ इंटीग्रेट हो गया है, जिससे यूजर्स की संख्या 6.5 मिलियन मंथली एक्टिव यूजर्स तक पहुंच गई। Q2 में लॉन्च हुए नए प्रोडक्ट्स जैसे म्यूचुअल फंड्स पर लोन, होम लोन्स, कॉर्पोरेट लेंडिंग और इंश्योरेंस प्रोडक्ट्स ने मार्केट में तहलका मचा दिया। फीडबैक? जबरदस्त! कंपनी ने ब्लैकरॉक के साथ म्यूचुअल फंड JV के लिए इन-प्रिंसिपल अप्रूवल भी ले लिया।कल्पना कीजिए, जियो का डिजिटल इकोसिस्टम अब फाइनेंशियल सर्विसेज को नेक्स्ट लेवल पर ले जा रहा है – AI और एनालिटिक्स से पर्सनलाइज्ड प्रोडक्ट्स देना।

मुझे व्यक्तिगत रूप से लगता है, जियो की स्ट्रेटजी स्मार्ट है। वो बड़े बैंकिंग प्लेयर्स से नहीं टकरा रहे, बल्कि डिजिटल-सेवी यंग जनरेशन को टारगेट कर रहे हैं। फास्टैग टोल कलेक्शन जैसे प्रोजेक्ट्स (जैसे गुड़गांव-जयपुर टोल प्लाजा) में एंट्री से JPBL की ग्रोथ और तेज होगी।
शेयर प्राइस और मार्केट रिएक्शन: फ्लैट ओपनिंग, लेकिन लॉन्ग टर्म बुलिश?
रिजल्ट्स के बाद शेयर प्राइस फ्लैट रहा – NSE पर ₹312.80 से ₹314.30 के बीच ट्रेडिंग।कोई बड़ा जंप नहीं, लेकिन SEQUENTIAL बेसिस पर PAT 114% और रेवेन्यू 60% बढ़ा Q1 से। अगर आप लॉन्ग टर्म इनवेस्टर हैं, तो ये स्टॉक खरीदने का अच्छा मौका हो सकता है। प्रमोटर होल्डिंग 47.1% है, और मार्केट कैप ₹1,98,635 करोड़।
मार्केट एक्सपर्ट्स कहते हैं कि डिविडेंड एक्स-डिविडेंड इफेक्ट से प्रॉफिट मार्जिन प्रेशर आया, लेकिन बिजनेस ग्रोथ सॉलिड है। AUM बढ़ रहा है, और नए प्रोडक्ट लॉन्चेस से Q3-Q4 में बड़ा धमाका हो सकता है।
आगे की राह: चुनौतियां और अवसर
चुनौतियां? रेगुलेटरी हर्डल्स, कॉम्पिटिशन (जैसे पेटीएम, फोनपे) और कॉस्ट मैनेजमेंट। लेकिन अवसर अनगिनत – 140 करोड़ भारतीयों के लिए अफोर्डेबल फाइनेंशियल सर्विसेज। जियो का AI-पावर्ड प्लेटफॉर्म ‘ट्रस्टेड, इंटेलिजेंट और सिम्प्लिफाइड’ बनाने का विजन साकार हो रहा है।
मेरा मानना है, जियो फाइनेंशियल न सिर्फ नंबर्स का खेल खेल रहा, बल्कि भारत की फाइनेंशियल इनक्लूजन को रीवॉल्युशनाइज कर रहा है। अगर आप इनवेस्ट करना चाहें, तो रिस्क ऐपेटाइट चेक करें और एक्सपर्ट से सलाह लें।

Disclaimer: investment करने से पहले अपने फाइनेंशियल एडवाइजर की सलाह जरूर लें।